Fri, 18 Sep 2026
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पंजाब में तेल संकट की अफवाहों पर सीएम मान का लगाम : बोले- पेट्रोल-डीजल का पर्याप्त स्टॉक, पैनिक न करें जनता

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ हुई अपनी उच्च स्तरीय बैठक का ब्यौरा साझा किया है। मुख्यमंत्री ने बताया कि उन्होंने प्रधानमंत्री के समक्ष पंजाब की खेती और इंडस्ट्री से जुड़े गंभीर मुद्दों को प्रमुखता से रखा। उन्होंने केंद्र से आग्रह किया कि अंतरराष्ट्रीय संबंधों का लाभ उठाकर यह सुनिश्चित किया जाए कि आम जनता को पेट्रोलियम उत्पादों की किल्लत का सामना न करना पड़े।

फसलों की कटाई और डीजल की उपलब्धता पर जोर
सीएम ने कहा कि पंजाब की गेहूं की फसल मंडियों में आने वाली है। इस दौरान ट्रैक्टर, कंबाइन और ट्रकों के संचालन के लिए भारी मात्रा में डीजल की आवश्यकता होगी। उन्होंने केंद्र सरकार से स्पष्ट किया कि फसल की कटाई, तुलाई और गोदामों तक ढुलाई के चक्र में तेल की कमी की वजह से कोई बाधा नहीं आनी चाहिए। सरकार पल-पल की जानकारी ले रही है और केंद्रीय गृह तथा पेट्रोलियम मंत्रालय के साथ लगातार संपर्क बनाए हुए है।

स्टॉक की स्थिति और अफवाहों पर लगाम की अपील
प्रदेश में ईंधन की स्थिति स्पष्ट करते हुए सीएम मान ने बताया कि वर्तमान में पंजाब के पास लगभग 12 से 14 दिन का तेल स्टॉक उपलब्ध है। किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और लॉकडाउन जैसी कोई संभावना नहीं है, इसलिए सामान स्टोर करने की जरूरत नहीं है। देश में 60 दिन का सुरक्षित स्टॉक है, जिसमें 6 दिन की एलपीजी, 12 दिन का पेट्रोल और 14 दिन का डीजल शामिल है। उन्होंने मुख्य सचिव को निर्देश दिए हैं कि जिन पेट्रोल पंपों पर लंबी लाइनें लग रही हैं, वहां की स्थिति की समीक्षा की जाए।

इंडस्ट्री और रोजगार को बचाने की कोशिश
मुख्यमंत्री ने औद्योगिक क्षेत्र को लेकर भी अपनी चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि सरकार ने तेल आपूर्ति से जुड़ी कुछ शर्तों को हटाने की मांग की है ताकि फैक्ट्रियों को तेल की कमी के कारण बंद न करना पड़े। अगर फैक्ट्रियां दो दिन भी बंद रहती हैं, तो इसका सीधा असर वहां काम करने वाले कर्मचारियों के रोजगार और उनकी आजीविका पर पड़ता है। सरकार का लक्ष्य है कि बिना किसी बाधा के उत्पादन जारी रहे और आर्थिक पहिया घूमता रहे।

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