Mon, 15 Jun 2026

स्वर विज्ञान

स्वर परिवर्तन के कोई दो ढंग ।

-------1 जो स्वर चलाना चाहते हैं, उससे विपरीत करवट बदल कर, उसी हाथ का तकिया बना कर लेट जाओ। थोड़ी देर में स्वर बदल जाएगा।

 2 बगल में तकिया दबा कर रखने से भी स्वर बदल जायेगा।

 स्वर परिवर्तन करना तभी आवश्यक है जब आप किसी विशेष कार्य को आरम्भ करना चाहते हैं, पर उसके अनुकूल स्वर चल न रहा हो।

 किसी जातक को ज्योतिष समाधान देते समय प्राकृतिक रूप से चल रहे स्वर के अनुसार ही फलित करें।

 स्वर विज्ञान अद्भुत ज्योतिष विज्ञान है जिसके संकेत कभी गलत नहीं होते।

 दक्षिणायन आरंभ होने के दिन सूर्योदय या आपके जागने के समय चंद्र स्वर हो तो पुरे छः महीने अच्छे व्यतीत होते हैं।

 उत्तरायण आरंभ होने के दिन सूर्योदय या आपके जागने के समय सूर्य स्वर हो तो पुरे छः महीने अच्छे व्यतीत होते हैं।


1170

Share News

Comments

No comments yet.



Latest News

Number of Visitors - 166776