सुबह-सुबह बाइक पर निकले चन्नी, सतलुज किनारे जो देखा उसे लेकर लगाए बड़े आरोप
*अपने प्रति किसी के द्वारा किया हुआ उपकार ,अपने द्वारा किसी की गई बुराई ,अपने को मिले धन ,मान, पद की अनिश्चतता हमेशा याद रखो ।
* मानव जीवन को सफल बनाने के लिए अपने चरित्र मन तथा हृदय को परम पवित्र बनाना ज़रूरी है ।
* प्रार्थना मेरी आत्मा के लिए उतना ही अनिवार्य है जितना शरीर के लिए भोजन ।





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