ਮੇਰੇ ਵਾਰਡ ਨੰਬਰ 2 ਦੇ ਵਿਕਾਸ ਕਾਰਜਾਂ ਦੇ ਉਦਘਾਟਨੀ ਪੱਥਰਾਂ ਤੇ ਨਹੀਂ ਲਿਖਿਆ ਗਿਆ: ਕੌਂਸਲਰ ਹਰਪ੍ਰੀਤ ਵਾਲੀਆ
जालंधर के लतीफपुरा मामले में मंगलवार सुबह प्रशासन ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। डिप्टी कमिश्नर के आदेश पर तड़के 4:00 बजे भारी पुलिस बल के साथ इलाके की घेराबंदी कर सड़क से अवैध कब्जे हटा दिए गए। हालांकि, इस कार्रवाई के विरोध में स्थानीय निवासी पंजाब मंडी बोर्ड की पानी की टंकी पर चढ़ गए हैं, जहां एक महिला की तबीयत बिगड़ने से हड़कंप मच गया है।
डेडलाइन खत्म होते ही एक्शन में प्रशासन
प्रशासन ने लतीफपुरा मामले में कोर्ट से 9 फरवरी तक का समय मांगा था। आज यानी 10 फरवरी को कोर्ट में जवाब दाखिल किया जाना था, जिससे ठीक पहले प्रशासन ने पूरी तैयारी के साथ कार्रवाई की। सुबह-सुबह 20 जेसीबी मशीनों और टिप्परों की मदद से सड़क पर किए गए कब्जों को साफ कर दिया गया।
छावनी बना इलाका, चारों तरफ बैरिकेडिंग
ऑपरेशन को शांतिपूर्ण ढंग से पूरा करने के लिए 100 से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात किए गए थे। लतीफपुरा की ओर जाने वाले चारों रास्तों को बैरिकेड लगाकर पूरी तरह सील कर दिया गया था। किसी भी बाहरी व्यक्ति को अंदर जाने की अनुमति नहीं दी गई, जिसके बाद लोग अपना सामान समेट कर वहां से निकलते नजर आए।
टंकी पर चढ़कर प्रदर्शन, महिला हुई बेहोश
प्रशासनिक कार्रवाई के विरोध में लोग पंजाब मंडी बोर्ड की पानी की टंकी पर चढ़ गए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। इसी प्रदर्शन के दौरान एक महिला अचानक बेहोश हो गई, जिससे स्थिति और तनावपूर्ण हो गई। किसान नेता गुरदीप सिंह ने बताया कि प्रशासन ने भारी मशीनरी के साथ हाईकोर्ट के आदेशों का हवाला देकर यह कार्रवाई की है।
मॉडल टाउन के दुकानदारों ने ली राहत की सांस
एक ओर जहां निवासियों में रोष है, वहीं मॉडल टाउन मार्केट के दुकानदारों ने इस कार्रवाई का स्वागत किया है। दुकानदारों का कहना है कि पिछले 4 साल से इस विवाद के कारण उनका कामकाज बुरी तरह प्रभावित हो रहा था। उन्होंने शांतिपूर्ण ढंग से कब्जा हटाने के लिए प्रशासन का आभार व्यक्त किया है।


