Fri, 01 May 2026
G2M देता है आप की कलम आपके हाथ Journalists are invited to Join us on Gateway2media.com G2M देता है आप की कलम आपके हाथ Journalists are invited to Join us on Gateway2media.com

जालंधर में लीगल टीम एक्शन में! बच्चों से भीख मंगवाने वालों के खिलाफ की कार्रवाई

जालंधर के बस स्टैंड पर उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब बच्चों से भीख मंगवाने के आरोप में लीगल परमिशन अफसर और उनकी टीम ने कार्रवाई शुरू की। कार्रवाई के दौरान मौके पर मौजूद महिलाओं ने रो-रोकर हंगामा किया और अपने बच्चों को ले जाने का विरोध किया। हालात इतने बिगड़ गए कि पुलिस को भी मौके पर तैनात होना पड़ा।

बच्चों को सिविल अस्पताल और CWC ले जाने की तैयारी
अधिकारियों ने बताया कि बच्चों को पहले मेडिकल जांच के लिए सिविल अस्पताल ले जाया जा रहा है। इसके बाद उन्हें चाइल्ड वेलफेयर कमेटी (CWC) के सामने पेश किया जाएगा, जहां पूरे मामले की जांच होगी और उसी आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि यह कदम बच्चों के बेहतर भविष्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है।

बच्चों को ले जाने पर परिजनों का विरोध
कार्रवाई के दौरान जैसे ही बच्चों को पुलिस और अधिकारियों की मौजूदगी में वाहन में बैठाया गया, माता-पिता ने जोरदार विरोध शुरू कर दिया। मौके से सामने आई तस्वीरों में साफ देखा जा सकता है कि बच्चे रोते हुए कार में बैठे हैं और महिलाएं अधिकारियों से उन्हें न ले जाने की गुहार लगा रही हैं।

बच्चों से भीख नहीं मंगवाते- महिला
मामले को लेकर मेसर नाम की महिला ने बताया कि वह उत्तर प्रदेश की रहने वाली है और फिलहाल घास मंडी इलाके में रहती है। महिला का कहना है कि वह अपने पति से फोन पर बात कर रही थी, तभी उसकी दो बेटियों को पकड़कर अनाथ आश्रम ले जाया गया। महिला ने दावा किया कि उसकी एक बेटी 10 साल और दूसरी 12 साल की है और वह उनसे भीख नहीं मंगवाती थी। उसके अनुसार बच्चों को गलत तरीके से अनाथ आश्रम भेजा गया है।

दूसरी महिला ने उठाए कार्रवाई पर सवाल
वहीं दूसरी महिला ललती ने बताया कि वह मध्य प्रदेश की रहने वाली है और यहां नींबू बेचने आई थी। उसने कहा कि उसकी दादी की हाल ही में मौत हो गई है और वह अगले दिन अपने घर वापस जाने वाली थी। महिला का कहना है कि वह बूटा मंडी इलाके में रह रही थी और बच्चों से भीख नहीं, बल्कि नींबू बिकवाती थी। उसने दावा किया कि आज ही वह अपने बेटे को साथ लेकर आई थी।

बच्चों का भविष्य बचाना मकसद- अधिकारी
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बच्चों से भीख मंगवाना कानूनन अपराध है और इस तरह के मामलों में सख्त कार्रवाई जरूरी है। उनका कहना है कि कई बार माता-पिता बच्चों को जबरन भीख मंगवाने के लिए मजबूर करते हैं, जिससे उनका बचपन बर्बाद हो जाता है। इसी को रोकने के लिए यह कदम उठाया गया है और पूरे मामले की जांच के बाद ही अंतिम फैसला लिया जाएगा।


76

Share News

Comments

No comments yet.



Latest News

Number of Visitors - 155104