Sat, 21 Mar 2026
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खुद को मृत बता नई जिंदगी जीने वाले कैदी से पूछताछ में उजागर पैरोल पर आ बदला नाम, अपराध छिपा कालका की युवती के साथ रचाई शादी पढ़ें पूरी खबर 

खुद को मृत बता नई जिंदगी जीने वाले कैदी से पूछताछ में उजागर

पैरोल पर आ बदला नाम, अपराध छिपा कालका की युवती के साथ रचाई शादी

पढ़ें पूरी खबर 

 

जालंधर (राजन) : दुष्कर्म के आरोप में जेल में बंद रेलवे कालोनी के रहने वाले कैदी हिमांशु उर्फ राकेश ने न केवल खुद को मृत घोषित करा लिया बल्कि पैरोल पर आने के बाद अपने अपराध को छुपाते हुए नई पहचान के साथ जिंदगी शुरू कर दी। 

आरोपित ने खुद का नाम राकेश बताते हुए पंचकूला जिले के कालका शहर की रहने वाली रूपाली से शादी कर ली थी। रूपाली को भनक तक नहीं थी कि जिसके साथ वह सात फेरे ले रही है, वह दुष्कर्म के आरोप में सजा काट रहा है। उसे यह विश्वास दिलाया गया कि राकेश सीधा-सादा युवक है, जबकि असलियत में वह हिमांशु नाम का अपराधी था, जिसने अपनी मौत का झूठा प्रमाणपत्र बनवाकर कानून और समाज दोनों को धोखा दिया।

पुलिस को यह बात हिमांशु उर्फ राकेश ने बताई। पुलिस इसकी असलियत जानने के लिए रूपाली से पूछताछ करना चाहती थी लेकिन आरोपित के गिरफ्तार होते ही रूपाली गायब हो गई। उसके कालका जाने की आशंका है। उसे लाने के लिए पुलिस वहां जाएगी। वहीं आरोपित की सूरानुस्सी में रहने वाली बुआ ने भी पुलिस को हिमांशु की गिरफ्तारी के वक्त कहा था कि उसके घर में हिमांशु नहीं बल्कि राकेश नाम का व्यक्ति रहता है। इस कारण पुलिस उससे पूछताछ करेगी।

थाना डिवीजन एक की पुलिस के मुताबिक उसकी बुआ भी फरार है। बीते शुक्रवार को पुलिस ने हिमांशु को पकड़ा था। उसे दुष्कर्म और पाक्सो एक्ट के तहत उम्रकैद की सजा हुई थी। वह वर्ष 2018 से सजा काट रहा था। 2021 में पैरोल पर आकर उसने अपनी मौत का फर्जी पहचान पत्र बनवाया और बहन के जरिए जेल में जमा करवा दिया। फिर नई पहचान के साथ सूरानुस्सी में बुआ के घर रहने लगा था। सूचना मिलने पर पुलिस ने उसे काबू कर लिया था।

 

व्यक्ति को 50 हजार देकर बनवाया था फर्जी सर्टिफिकेट, वहन रानी ने करवाया था जमा

पूछताछ में हिमांशु ने कुबूल किया कि उसने अपनी मौत का फर्जी प्रमाणपत्र शहर के ही एक व्यक्ति की मदद से 50 हजार रुपये में बनवाया था। इसे जेल में उसकी बहन रानी ने जमा करवाया था। रानी ने जेल प्रशासन को बताया था कि उसका भाई हिमांशु अब इस दुनिया में नहीं रहा। अब पुलिस यह जांच कर रही है कि जेल में यह सर्टिफिकेट किसने बनाया था और जेल प्रशासन ने इसे कैसे स्वीकार किया और क्या इसके साथ दाह संस्कार का प्रमाण या मृत्यु की तस्दीक करने वाले कागज भी जमा करवाए गए थे या नहीं। इसके लिए पुलिस जेल प्रशासन से पूरा रिकार्ड लेगी।

 

शादी के लिए इस्तेमाल किए दस्तावेज खंगालेगी पुलिस, रिमांड बढ़ाने की तैयारी

पुलिस यह भी देख रही है कि हिमांशु ने शादी के लिए कौन-कौन से दस्तावेज इस्तेमाल किए थे। क्या उसने शादी से पहले किसी तरह की फर्जी पहचान पत्र या दस्तावेज बनवाए थे। पुलिस जेल से उस दिन की सीसीटीवी फुटेज भी मांगेगी, जब रानी ने जेल में फर्जी मृत्यु प्रमाणपत्र जमा करवाया था। वहीं हिमांशु का पुलिस रिमांड सोमवार को खत्म हो रहा है, लेकिन पुलिस उसे अदालत में पेश करके उसका रिमांड बढ़ाने की कोशिश करेगी ताकि फर्जी दस्तावेज तैयार करने वाले नेटवर्क तक पहुंचा जा सके।


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