Wed, 21 Oct 2026
G2M देता है आप कीं क़लम आप के हाथ । G2M देता है आप को स्वतंत्र पत्रकारिता का सुनहरा मौक़ा, बह भी विना किसी शुल्क के। G2M देता है आप कीं क़लम आप के हाथ । G2M देता है आप को स्वतंत्र पत्रकारिता का सुनहरा मौक़ा, बह भी विना किसी शुल्क के।
Post Details

अब दवाओं पर लगेगा बारकोड, मिलेंगी पूरी जानकारी, कफ सिरप के बाद सरकार ने लिया फैसला

मध्य प्रदेश सरकार ने स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता और सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। अब राज्य के सभी सरकारी अस्पतालों में सप्लाई होने वाली दवाओं पर बारकोड सिस्टम लगाया जाएगा। इसके साथ ही मध्य प्रदेश देश का पहला राज्य बन गया है जिसने यह व्यवस्था लागू की है।

बारकोड से मिलेगी दवा की पूरी जानकारी

इस प्रणाली के तहत किसी भी दवा को स्कैन करते ही उसकी सप्लाई से लेकर वितरण तक की पूरी जानकारी एक क्लिक में उपलब्ध होगी। इससे यह पता लगाया जा सकेगा कि दवा किस कंपनी ने बनाई, कब सप्लाई की गई, और किस अस्पताल में भेजी गई। यह सिस्टम दवाओं की पारदर्शी मॉनिटरिंग और निगरानी में अहम भूमिका निभाएगा।

1200 दवाओं पर लागू होगा GS1 सिस्टम

प्रदेश के सरकारी अस्पतालों में करीब 1200 प्रकार की दवाओं पर बारकोड लगाने का निर्णय लिया गया है। इस प्रक्रिया को दवा निर्माण कंपनियां स्वयं लागू करेंगी। सरकार ने इस तकनीक को “GS1 सिस्टम” नाम दिया है, जिसके तहत हर दवा के पैकेट पर एक यूनिक कोड अंकित रहेगा।

कफ सिरप विवाद के बाद सरकार का सख्त रुख

हाल ही में सामने आए कफ सिरप विवाद के बाद राज्य सरकार ने दवा आपूर्ति की पारदर्शिता और सुरक्षा को लेकर सख्त कदम उठाया है। स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि नकली और मिलावटी दवाओं की रोकथाम के लिए बारकोड सिस्टम बेहद जरूरी था। इस तकनीक के जरिए किसी भी स्तर पर गड़बड़ी या अनियमितता तुरंत पकड़ी जा सकेगी।

बारकोड स्कैन करने पर मिलेगी यह जानकारी

  • दवा का बैच नंबर
  • सप्लाई की तारीख
  • किस अस्पताल में भेजी गई
  • कितना स्टॉक उपलब्ध है
  • कितनी दवा वितरित हो चुकी है
  • कितनी दवा शेष बची है

Comments

No comments yet.



Latest News

Number of Visitors - 234210

Share this Post