जालंधर में क्लीनिक में घुसकर चेन स्नैचिंग, दातर से वार कर फरार हुए बदमाश
तेरे ख्वाबों में बीती हैं
मेरी रातें ,
और
यादों में कटे हैं दिन ।
जिनमें से कुछ ...
तेरे साथ हैं ,
और कुछ ....
....... तेरे बिन
तेरी यादें ...
मेरा सरमाया हैं ।
डरती हूं ...
वक्त की दीमक कहीं
मेरी यादों को न खा जाए .....
*श्रृता????*

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