Fri, 28 Aug 2026
Post Details

कर्मचारियों की हड़ताल के बाद अब पंजाब सरकार सख्त, आज ही मांगा गैरहाजिर मुलाजिमों का रिकॉर्ड

पंजाब में आज लाखों सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों की सामूहिक हड़ताल के कारण पूरे राज्य में प्रशासनिक और जनसेवा से जुड़ा कामकाज पूरी तरह से प्रभावित रहा। इस हड़ताल का सबसे बड़ा असर आम जनता पर पड़ा, जिन्हें अपने रोजमर्रा के कामों के लिए भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। सरकारी दफ्तरों से लेकर अस्पतालों और डिस्पेंसरियों में सेवाएं ठप रहीं, यहां तक कि जालंधर नगर निगम जैसे बड़े प्रशासनिक कार्यालयों पर भी ताले लटके नजर आए। आम जनता की असुविधा को देखते हुए अब पंजाब सरकार सख्त रुख अपनाते हुए पूरी तरह से एक्शन मोड में आ गई है।

बिना इजाजत गैरहाजिर रहने वालों पर गिरेगी गाज
राज्य सरकार ने बिना किसी पूर्व अनुमति या आधिकारिक मंजूरी के ड्यूटी से गैरहाजिर रहने वाले सभी कर्मचारियों और अधिकारियों की विस्तृत सूची तुरंत तलब की है। शासन की ओर से विभागीय अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे आज ही गैरहाजिर कर्मचारियों की सूची मुख्यालय को भेजें। माना जा रहा है कि सरकार जनता को हुई परेशानी के लिए जिम्मेदार कर्मचारियों के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई कर सकती है। इस सख्त कदम के बाद से हड़ताली कर्मचारियों और संबंधित विभागों में हड़कंप का माहौल बना हुआ है।

बातचीत और हड़ताल एक साथ संभव नहीं- सीएम मान
मामले पर रुख साफ करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत मान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर अपनी प्रतिक्रिया साझा की। सीएम मान ने कहा कि सरकारी कर्मचारी उनके परिवार का बेहद अहम हिस्सा हैं और सरकार उनकी हर जायज मांग पर गंभीरता से विचार करने के लिए पूरी तरह वचनबद्ध है। हालांकि, उन्होंने कड़े शब्दों में संदेश देते हुए कहा कि बातचीत और हड़ताल एक साथ नहीं चल सकतीं। सरकार हर समस्या का शांतिपूर्ण समाधान निकालने के लिए तैयार है, लेकिन लेकिन इसके लिए कर्मचारियों को सबसे पहले अपनी हड़ताल तुरंत खत्म करके काम पर वापस लौटना होगा।

Comments

No comments yet.



Latest News

Number of Visitors - 211380

Share this Post